कला के लिए कैनवास की सीमा मायने नहीं रखती, बल्कि कलाकार की कल्पना और हुनर उसे खास बनाते हैं। बिहार के चर्चित सैंड आर्टिस्ट Madhurendra Kumar ने इसी सोच को एक अनोखे प्रयोग के जरिए सामने रखा है। उन्होंने पारंपरिक कैनवास की जगह भोज में भोजन परोसने के लिए इस्तेमाल होने वाली पत्तलों को अपनी कलाकृति का माध्यम बनाया और उन पर BRICS 2026 में शामिल प्रमुख वैश्विक नेताओं के चित्र उकेरे। उनकी यह कलाकृति सोशल मीडिया और कला जगत में लोगों का ध्यान आकर्षित कर रही है।
पत्तल पर सजे BRICS नेताओं के चित्र
Madhurendra Kumar ने अलग-अलग पत्तलों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग, रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन, ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज़ इनासियो लूला दा सिल्वा, दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा, मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी, इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबी अहमद और इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो सहित कई नेताओं के चित्र तैयार किए। इन पत्तलों को विशेष तरीके से सजाकर एक त्रिकोणीय यानी ट्रायंगल आकार की रचना तैयार की गई है। पूरी कलाकृति में “WELCOME TO INDIA – BRICS 2026” संदेश भी शामिल किया गया है। यह रचना भारत में आयोजित 18वें BRICS शिखर सम्मेलन के लिए आने वाले वैश्विक नेताओं के स्वागत को समर्पित बताई गई है। 2026 में भारत BRICS की अध्यक्षता कर रहा है और नई दिल्ली में 18वां BRICS Summit आयोजित हुआ।
15 दिनों की मेहनत से तैयार हुई कलाकृति
Madhurendra Kumar के अनुसार, इस विशेष कलाकृति को तैयार करने में करीब 15 दिनों का समय लगा। पत्तल की सतह पारंपरिक कैनवास की तुलना में काफी अलग होती है। ऐसे में उस पर चेहरों की बारीक रेखाओं और सूक्ष्म भावों को उकेरना एक चुनौतीपूर्ण काम था। इसके बावजूद कलाकार ने नेताओं के चेहरे, आंखों, बाल, दाढ़ी और चेहरे की भाव-भंगिमा जैसे विवरणों को उभारने का प्रयास किया। पत्तल जैसी सामान्य और रोजमर्रा की वस्तु को कला के माध्यम में बदलना इस प्रयोग को खास बनाता है। कलाकार ने अलग-अलग पत्तलों को एक साथ व्यवस्थित कर ऐसी प्रस्तुति तैयार की, जिसमें प्रत्येक चित्र अपनी अलग पहचान बनाए रखता है और पूरी रचना एक सामूहिक संदेश देती है।
रेत से पत्तल तक Madhurendra Kumar का प्रयोग
Madhurendra Kumar प्रयोगधर्मी कला के लिए जाने जाते हैं। इससे पहले भी वह रेत और कई अलग-अलग प्राकृतिक तथा रोजमर्रा के माध्यमों पर अपनी कलाकृतियां तैयार कर चुके हैं। इस बार भोज में इस्तेमाल होने वाली पत्तल को कैनवास बनाकर वैश्विक नेताओं के चित्र बनाना उनके कला सफर का एक और अनोखा प्रयोग है। इस कलाकृति की खासियत यह भी है कि इसमें स्थानीय परंपरा और अंतरराष्ट्रीय आयोजन को एक साथ जोड़ा गया है। साधारण पत्तल, जिसे आमतौर पर भोजन परोसने के लिए इस्तेमाल किया जाता है, यहां भारत की कला और संस्कृति को प्रस्तुत करने का माध्यम बन गई।
कला के जरिए शांति और सहयोग का संदेश
Madhurendra Kumar ने इस रचना के जरिए BRICS जैसे अंतरराष्ट्रीय मंच पर आने वाले नेताओं के स्वागत के साथ शांति, सहयोग और आपसी संवाद का संदेश देने की बात कही है। BRICS 2026 में भारत समेत कई देशों के नेता और प्रतिनिधि नई दिल्ली में एकत्र हुए। सम्मेलन में आर्थिक सहयोग, तकनीक, वैश्विक चुनौतियों और अंतरराष्ट्रीय सहयोग जैसे मुद्दे चर्चा के केंद्र में रहे। Madhurendra Kumar की पत्तल कला इसी व्यापक अंतरराष्ट्रीय माहौल को एक अलग रचनात्मक अंदाज में सामने लाती है। उनकी कलाकृति यह दिखाती है कि कला के लिए महंगे संसाधनों की आवश्यकता हमेशा नहीं होती। सही कल्पना, धैर्य और कौशल के साथ एक साधारण वस्तु भी प्रभावशाली कला का माध्यम बन सकती है। बिहार के इस कलाकार का अनोखा प्रयोग अब BRICS 2026 की चर्चा में कला और संस्कृति का एक अलग रंग जोड़ रहा है।
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